एनएचएसआरसीएल के सूरत कार्यालय में "कंक्रीट संरचनाओं की गुणवत्ता नियंत्रण और संपत्तियों की स्थायित्व प्राप्त करने" हेतु एक दिवसीय वर्कशॉप का आयोजन किया गया । जिसमें जापानी और भारतीय विशेषज्ञों द्वारा कंक्रीट संरचनाओं के गुणवत्ता नियंत्रण पर विचारों का आदान प्रदान किया गया । वर्कशॉप का आयोजन एडीबीआई (ADBI), टोक्यो, जापान रेलवे टेक्निकल सर्विस (जेएआरटीएस), एनएचएसआरसीएल एवं जेआईसीए (JICA) द्वारा किया गया ।
वर्कशॉप को संबोधित करते हुए श्री राजेंद्र प्रसाद, प्रबंध निदेशक, एनएचएसआरसीएल ने इंफ्रास्ट्रक्चर परियोजनाओं के लिए उपयोग किए जाने वाले कंक्रीट की गुणवत्ता और स्थायित्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि, निर्माण के क्षेत्र में नवीन समाधानों और प्रौद्योगिकी के समामेलन से स्थायी बुनियादी ढांचा हासिल करने में मदद मिलेगी।
वर्कशॉप में आईआईटी कानपुर, आईआईटी मद्रास, एनआईटी सूरत के फैकल्टी, एमएएचएसआर के कॉन्ट्रैक्टर और सलाहकारों के प्रतिनिधियों के साथ आरटीआरआई (RTRI), पूर्वी जापान रेलवे (East Japan Railway) और एडीबीआई (ADBI) के प्रतिभागी भी उपस्थित थे।
जापानी प्रतिनिधिमंडल ने एमएएचएसआर के विभिन्न निर्माण स्थलों जैसे गर्डर कास्टिंग यार्ड, गर्डर लॉन्चिंग साइट, नदी और अन्य पुल स्थल, सूरत HSR स्टेशन आदि का दौरा करते हुए निर्माण की गति, गुणवत्ता तथा सूक्ष्म योजना की सराहना की। टीसीएस (TCS) द्वारा निर्माण के सटीक परिणाम के लिए डिजिटलीकरण के उपयोग पर एक सत्र का भी आयोजन किया गया। वर्कशॉप में लगभग 150 प्रतिभागियों ने भाग लिया।

