नई दिल्ली/गुजरात मुंबई-अहमदाबाद बुलेट ट्रेन परियोजना के कार्यान्वयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। कॉरिडोर के विद्युतीकरण कार्य का आगाज़ करते हुए गुजरात के सूरत और बिलीमोरा स्टेशनों के बीच वायाडक्ट पर ज़मीन से 14 मीटर की ऊँचाई पर प्रथम दो स्टील मास्ट (खंभे) सफलतापूर्वक स्थापित किए गए हैं।
संपूर्ण कॉरिडोर के सुचारू संचालन हेतु कुल 20,000 से अधिक मास्ट स्थापित किए जाने का लक्ष्य निर्धारित है। इन मास्ट की ऊँचाई 9.5 मीटर से लेकर 14.5 मीटर तक होगी। ये बुनियादी ढांचे ओवरहेड इक्विपमेंट (OHE) प्रणाली का आधार बनेंगे, जिसके अंतर्गत ओवरहेड तार, अर्थिंग सिस्टम और अन्य आवश्यक फिटिंग्स शामिल हैं। यह पूर्ण व्यवस्था बुलेट ट्रेन के परिचालन हेतु उपयुक्त 2x25 kV ओवरहेड ट्रैक्शन सिस्टम का निर्माण करेगी।
'मेक इन इंडिया' नीति के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को दोहराते हुए, इन OHE मास्टों का निर्माण पूर्णतः भारत में किया जा रहा है। ये उत्पाद जापानी मानक डिज़ाइन और विशिष्टताओं (Specifications) के अनुरूप तैयार किए गए हैं, जो हाई-स्पीड रेल के लिए आवश्यक सुरक्षा और विश्वसनीयता सुनिश्चित करते हैं।

